यूपी चुनाव 2022 में भाजपा के नेतृत्व वाले NDA ने लगातार दूसरी बार सरकार बनाई। गठबंधन को 403 में से 273 सीटें मिलीं। सपा गठबंधन 125 सीटों के साथ मुख्य विपक्ष बना। 2027 के चुनाव से पहले ये आंकड़े हर दल के लिए आधार रेखा हैं।
चुनाव कब और कैसे हुआ
चुनाव आयोग ने 8 जनवरी 2022 को कार्यक्रम घोषित किया। मतदान सात चरणों में 10 फरवरी से 7 मार्च तक हुआ। वोटों की गिनती 10 मार्च 2022 को हुई।
राज्य में 15.12 करोड़ से ज्यादा पंजीकृत मतदाता थे। इनमें से 9.23 करोड़ से ज्यादा लोगों ने वोट डाला। कुल मतदान 61.03% रहा। सरकार बनाने के लिए 202 सीटों की जरूरत थी।
यूपी चुनाव 2022: किसे कितनी सीटें
भाजपा ने 255 सीटें जीतीं और उसे 41.29% वोट मिले। सहयोगी अपना दल (सोनेलाल) को 12 और निषाद पार्टी को 6 सीटें मिलीं। NDA का कुल वोट शेयर 43.82% रहा।
समाजवादी पार्टी ने 111 सीटें जीतीं और उसे 32.06% वोट मिले। उसके सहयोगी रालोद को 8 और सुभासपा को 6 सीटें मिलीं। सपा गठबंधन का वोट शेयर 36.60% रहा।
बसपा ने सभी 403 सीटों पर चुनाव लड़ा, लेकिन उसे सिर्फ 1 सीट मिली। उसका वोट शेयर 12.88% रहा। कांग्रेस ने 399 सीटों पर उम्मीदवार उतारे और 2 सीटें जीतीं। जनसत्ता दल (लोकतांत्रिक) को भी 2 सीटें मिलीं।
2017 से तुलना
2017 में भाजपा ने 312 सीटें जीती थीं। 2022 में उसकी सीटें 57 घटीं, लेकिन वोट शेयर 1.62 अंक बढ़ा। सपा की सीटें 47 से बढ़कर 111 हो गईं। उसका वोट शेयर 10 अंक से ज्यादा बढ़ा। बसपा को 18 सीटों और करीब 9 अंक वोट शेयर का नुकसान हुआ।
अहम सीटें और बड़े अंतर
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ गोरखपुर शहर से 1,03,390 वोटों से जीते। सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव करहल से 67,504 वोटों से जीते। उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य सिराथू में सपा की पल्लवी पटेल से 7,337 वोटों से हार गए।
यूपी चुनाव 2022 की सबसे बड़ी जीतों में साहिबाबाद शामिल रहा, जहां भाजपा के सुनील कुमार शर्मा 2,14,835 वोटों से जीते। कई सीटों पर अंतर 300 से भी कम रहा। धामपुर में 203, कुर्सी में 217 और चांदपुर में 234 वोटों से फैसला हुआ।
इलाकों के हिसाब से तस्वीर
गोरखपुर, आगरा और वाराणसी जिलों की सभी सीटें NDA ने जीतीं। दूसरी ओर आजमगढ़, गाजीपुर और अंबेडकर नगर की सभी सीटें सपा गठबंधन के पास गईं। आखिरी चरण की 54 सीटों में दोनों गठबंधनों को 27-27 सीटें मिलीं। जिलेवार आंकड़े चुनाव आयोग की सांख्यिकीय रिपोर्ट में देखे जा सकते हैं।
चुनाव के बाद बदले समीकरण
नतीजों के बाद गठबंधन बदले। सुभासपा 2023 में और रालोद 2024 में NDA में शामिल हो गए। इसलिए यूपी चुनाव 2022 के गठबंधन आंकड़े 2027 में सीधे लागू नहीं होंगे। सपा और कांग्रेस की बातचीत पर हमारी रिपोर्ट 2027 के लिए सीट बंटवारा पढ़ें।
विश्लेषण: यूपी चुनाव 2022 से 2027 के लिए संकेत
यूपी चुनाव 2022 मुख्य रूप से दो ध्रुवों का मुकाबला बन गया। भाजपा और सपा को मिलाकर 73% से ज्यादा वोट मिले। बसपा और कांग्रेस का वोट घटा। 2027 में बसपा के वोट किस तरफ जाते हैं, यह कई सीटों का नतीजा तय कर सकता है। ताजा सर्वे के लिए 2027 का ओपिनियन पोल देखें।


